ताला रेंज के कथली बीट में मिला शव, अन्य वन्य प्राणी से संघर्ष की आशंका
वन विभाग के अनुसार मृत शावक की प्रजाति बाघ (Panthera tigris), लिंग मादा और आयु लगभग 7–8 माह आंकी गई है। प्रारंभिक आकलन में किसी अन्य वन्य प्राणी से संघर्ष को मृत्यु का संभावित कारण माना जा रहा है। घटना की जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई और वन्यप्राणी अपराध नियंत्रण ब्यूरो तथा राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण के दिशा-निर्देशों के अनुसार आगे की प्रक्रिया अपनाई गई।
SOP के तहत की गई कार्रवाई
वन अमले ने मौके पर पंचनामा तैयार कर स्थल संरक्षण किया। इसके बाद डॉग स्क्वॉड से शव और आसपास के क्षेत्र की जांच कराई गई, जिसमें कोई संदिग्ध गतिविधि या वस्तु नहीं मिली। शावक के शरीर की मेटल डिटेक्टर से भी जांच की गई।
सक्षम वन्य चिकित्सक की उपस्थिति में विस्तृत पोस्टमार्टम किया गया और नमूना संकलन विधिवत किया गया, जिन्हें परीक्षण के लिए अधिकृत प्रयोगशाला भेजा जाएगा। सभी प्रक्रियाओं के पूर्ण होने के बाद उसी दिन शव दाह की कार्रवाई की गई।
विभाग का कहना
वन अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल किसी तरह की अवैध गतिविधि के संकेत नहीं मिले हैं। अंतिम निष्कर्ष प्रयोगशाला रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगा। विभाग ने क्षेत्र में निगरानी बढ़ाने और नियमित गश्त जारी रखने की बात कही है।
महत्वपूर्ण संकेत: बाघ शावक की मौत ने एक बार फिर संवेदनशील बाघ आवासों में सतत निगरानी और संरक्षण उपायों की आवश्यकता को रेखांकित किया है।
