21A 6.jpg

मनेन्द्रगढ़/एमसीबी

मनेंद्रगढ़ की सड़कों पर एक और ज़िंदगी अचानक थम गई, पीछे छोड़ गई रोता-बिलखता परिवार और गहरे दर्द की लकीरें। सड़क दुर्घटना में जान गंवाने वाले युवक की पहचान होने के बाद जहां एक ओर परिजनों का दुख और गहरा हो गया, वहीं मुआवजे को लेकर चल रहा विवाद भी अंततः समाप्त हो गया। भारी मन से परिजनों ने अब अंतिम संस्कार करने का निर्णय लिया है। इस बीच डीवी ग्रुप ने मृतक परिवार को तीन लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी है।

जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत बंजी निवासी 37 वर्षीय राजभान सिंह अपने ससुराल ग्राम परसगढ़ी गए हुए थे। किसे पता था कि यह सफर उनका आखिरी सफर साबित होगा। परसगढ़ी में मेडिकल कॉलेज निर्माण कार्य में लगे डीवी ग्रुप के पानी टैंकर ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। इस भीषण हादसे में उनके सिर पर गंभीर चोट लगी और उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
हादसा इतना भयावह था कि उनके सिर पर आई गंभीर चोटों के कारण शुरुआत में शव की पहचान तक मुश्किल हो गई। परिजनों की बेचैनी और अनिश्चितता के बीच मनेंद्रगढ़ सिटी कोतवाली पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मोबाइल के जरिए मृतक की पहचान की और परिवार को सूचना दी।

जैसे ही घटना की खबर गांव पहुंची, माहौल गम और गुस्से से भर गया। परिजन और ग्रामीण सड़कों पर उतर आए, न्याय और उचित मुआवजे की मांग को लेकर विरोध शुरू हो गया। इस दुख की घड़ी में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी मनेंद्रगढ़ शहर अध्यक्ष सौरव मिश्रा अपने साथियों के साथ पीड़ित परिवार के घर पहुंचे और हर संभव मदद का भरोसा दिलाया।

आखिरकार जनदबाव और विरोध के बाद डीवी ग्रुप ने मृतक के परिजनों को तीन लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी। साथ ही बीमा की राशि दिलाने का आश्वासन भी दिया गया।

मुआवजा मिलने के बाद परिजनों ने भारी मन से अंतिम संस्कार के लिए सहमति जताई। इस फैसले के साथ ही क्षेत्र में फैला तनाव कुछ हद तक कम हुआ, लेकिन एक परिवार की जिंदगी में जो खालीपन आया है, उसे कोई भी मुआवजा कभी भर नहीं पाएगा। प्रशासन पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है।

Admin

By Admin