49 7.jpg

वाराणसी
उत्तर प्रदेश के वाराणसी में 'मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना' की शुरुआत के मौके पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनता का संबोधित किया. इस दौरान उन्होंने शिक्षा व्यवस्था, शिक्षकों की भूमिका और नकल संस्कृति पर तीखा संदेश दिया. सीएम योगी ने कहा, "देश के भविष्य और अखंडता के साथ किसी भी तरह का खिलवाड़ स्वीकार नहीं किया जा सकता और आचार्य चाणक्य जैसे आदर्शों से प्रेरणा लेकर ही मजबूत राष्ट्र का निर्माण संभव है."

योगी आदित्यनाथ ने कहा, "एक वक्त ऐसा आया कि उत्तर प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को लोगों ने अपने निहित स्वार्थ के लिए बर्बाद कर दिया. एक नेता ने कहा था कि नकल करना हमारा जन्मसिद्ध अधिकार है."

उन्होंने आगे कहा कि देश की अखंडता और भविष्य से खिलवाड़ करने का किसी शख्स को कोई अधिकार नहीं होना चाहिए.

'पिछले 9 साल में मेहनत, प्रयास…'
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, "हमे देश के भविष्य के साथ और अखंडता के साथ खिलवाड़ करने का अधिकार किसी भी शख्स को नही होना चाहिए. आपका आदर्श आचार्य चाणक्य हो सकते हैं, मदन मोहन मालवीय हो सकते हैं, डॉ. राधाकृष्णन हो सकते हैं. आपको आदर्श ढूंढने की जरूरत नहीं है."

सीएम योगी ने आगे कहा कि आचार्य चाणक्य जैसा गुरु होगा, तो देश कभी कमजोर नहीं हो सकता, विदेशी ताकतें आपकी तरफ आंखें उठा कर नहीं देख सकतीं. उस प्रकार के माहौल को बनाने के लिए पिछले 9 साल में मेहनत की है, प्रयास किया है.

सीएम योगी आदित्यनाथ ने जनता को संबोधित करते हुए आगे कहा, "शिक्षा की उपेक्षा हुई तो, आपने उत्तर प्रदेश को देखा होगा कि बीमारू राज्य हो गया. आप जितने शिक्षक यहां हैं, आज से 9 साल पहले जब आप नौकरी के लिए भटक रहे होंगे तो लोग आपको हेय दृष्टि से देखते रहे होंगे. आज आपको पहचान के संकट से गुजरने की जरूरत नहीं है. आज शिक्षा पर किया कोई भी निवेश कभी व्यर्थ नहीं जाता. शिक्षा का उन्नयन हुआ, उत्तर प्रदेश अब तेजी से दौड़ता दिखाई पड़ रहा है."

Admin

By Admin

You missed