InShot 20260514

indianbreakingnews.com में खबर प्रकाशित होने के बाद बदला वन विभाग का फैसला

गणेश पाण्डेय, भोपाल। इंदौर के फाइव स्टार ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में 15 मई को प्रस्तावित वन विभाग की क्षेत्रीय कार्यशाला को लेकर उठे विवाद के बाद आखिरकार विभाग ने आयोजन स्थल बदल दिया है। अब यह कार्यशाला वन भवन भोपाल में आयोजित होगी। साथ ही अधिकांश अधिकारी ऑनलाइन माध्यम से शामिल होंगे। माना जा रहा है कि 12 मई को indianbreakingnews.com में प्रकाशित खबर के बाद विभाग ने यह बदलाव किया है। खबर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की ईंधन बचत एवं सादगी की अपील के बावजूद फाइव स्टार होटल में कार्यशाला आयोजित किए जाने पर सवाल उठाए गए थे।

पीसीसीएफ विकास पुरुषोत्तम धीमान द्वारा जारी संशोधित आदेश के अनुसार अब केवल इंदौर, खंडवा और उज्जैन वन वृत्त के भारसाधक अधिकारी, मुख्य वन संरक्षक और वन संरक्षक भोपाल पहुंचकर प्रस्तुतीकरण देंगे। बाकी वन मंडलाधिकारी, क्षेत्र संचालक, उपसंचालक और अन्य अधिकारी अपने-अपने मुख्यालयों से ऑनलाइन जुड़ेंगे। विभाग अलग से ऑनलाइन लिंक उपलब्ध कराएगा।

IMG 20260514 WA0000

12 मई को प्रकाशित खबर में सवाल उठाया गया था कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देशवासियों से वर्क फ्रॉम होम अपनाने, पेट्रोल-डीजल की खपत कम करने और सादगी बरतने की अपील कर चुके हैं, तब वन विभाग द्वारा फाइव स्टार होटल में कार्यशाला आयोजित करने का औचित्य क्या है। खबर में यह भी उल्लेख किया गया था कि बड़ी संख्या में अधिकारी लक्जरी वाहनों से इंदौर पहुंचने वाले थे और स्वागत-सत्कार पर लाखों रुपये खर्च होने की संभावना थी।

फाइव स्टार आयोजन को लेकर उठे थे सवाल

खबर में यह भी कहा गया था कि क्षेत्रीय कार्यशालाओं के नाम पर पूर्व में भी पांच सितारा होटलों में आयोजन होते रहे हैं, जिन्हें लेकर विभाग के भीतर और बाहर सवाल उठते रहे हैं। इंदौर और ओरछा में पूर्व में आयोजित कार्यक्रमों को लेकर भी विवाद सामने आए थे। सेवानिवृत्त आईएफएस अधिकारियों ने इन्हें “मस्ती की पाठशाला” तक बताया था। इस बार भी कार्यशाला को पीसीसीएफ विकास पुरुषोत्तम धीमान के संभावित फेयरवेल आयोजन से जोड़कर देखा जा रहा था, क्योंकि वे इसी माह सेवानिवृत्त होने वाले हैं।

अब ऑनलाइन जुड़ेंगे अधिकांश अधिकारी

संशोधित आदेश के बाद अब विभागीय खर्च और ईंधन खपत दोनों में कमी आएगी। अधिकांश अधिकारी अपने मुख्यालय से ही ऑनलाइन कार्यशाला में शामिल होंगे। विभाग का कहना है कि इससे समय और संसाधनों की बचत होगी, जबकि विभागीय समन्वय और प्रस्तुतीकरण की प्रक्रिया भी प्रभावित नहीं होगी।

कार्यशाला में इन विषयों पर होगी चर्चा

कार्यशाला में क्रम विकास, ग्रीन इंडिया मिशन, बांस मिशन, वन्य प्राणी संरक्षण, कैम्पा, कार्य आयोजना, उत्पादन, वित्त-बजट, मानव संसाधन विकास, अनुसंधान विस्तार, लोकवानिकी, लघुवनोपज संघ, ईको पर्यटन बोर्ड, सतर्कता शिकायत, प्रशासन और भू-प्रबंधन जैसे विषयों पर प्रस्तुतीकरण होंगे। विभागीय नवाचारों और अनुभवों को साझा करने पर भी विशेष जोर रहेगा।